3 वर्षों के आंकड़ों के अनुसार, भारत में हर्रा (हरड़) का भाव आमतौर पर जून में सबसे ऊंचा रहता है (औसत से लगभग 158% ऊपर), जबकि जनवरी में सबसे कम (औसत से करीब 41% नीचे)। यानी बेहतर दाम के लिए जून के आसपास बिक्री करना ऐतिहासिक रूप से फायदेमंद रहा है।
सबसे अच्छा महीना
जून
औसत से +158%
सबसे कमज़ोर महीना
जनवरी
औसत से −41%
100 = वार्षिक औसत (₹2,192/क्विंटल) · 3 वर्षों का औसत
| महीना | सूचकांक | सामान्य भाव |
|---|---|---|
| जनवरीन्यूनतम | 59.3 | ₹1,300 |
| फ़रवरी | 63.1 | ₹1,383 |
| मार्च | 65 | ₹1,425 |
| अप्रैल | 75.3 | ₹1,650 |
| मई | 60 | ₹1,315 |
| जून★ सर्वश्रेष्ठ | 257.9 | ₹5,652 |
| जुलाई | 95.4 | ₹2,091 |
| अगस्त | 79.8 | ₹1,749 |
| सितंबर | 177.9 | ₹3,899 |
| अक्टूबर | — | — |
| नवंबर | — | — |
| दिसंबर | 66.2 | ₹1,451 |
बिक्री के लिए शीर्ष 3 महीने: जून, सितंबर, जुलाई। अब तक का सबसे ऊंचा मासिक औसत जून 2025 में ₹10,000/क्विंटल रहा है।