आज Lohardaga जिले में चावल का मंडी भाव - सभी मंडियां



नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज झारखण्ड राज्य के Lohardaga जिले में चावल के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप झारखण्ड की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।

Lohardaga में चावल मंडी भाव का सारांश

कमोडिटी Rice चावल
औसत भाव ₹2,400 क्विंटल
न्यूनतम भाव ₹1,800 क्विंटल ( Lohardaga )
अधिकतम भाव ₹3,500 क्विंटल ( Lohardaga )
* यह सारांश 4 मंडियो के पिछले एक सप्ताह के भाव से लिया गया है।

ताज़ा जानकारी के अनुसार, झारखण्ड राज्य के Lohardaga जिले की मंडियो में चावल का औसतन भाव ₹2,400 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Lohardaga मंडी में ₹1,800 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Lohardaga मंडी में ₹3,500 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर झारखण्ड राज्य के Lohardaga जिले की 4 मंडियो के चावल के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 10 जुलाई 2021 को अपडेट किया गया है।

चावल   भाव

आज Lohardaga जिले में चावल का मंडी भाव - सभी मंडियां

कमोडिटी ज़िला मंडी चावल भाव अप्डेट
चावल Lohardaga Lohardaga (Lohardaga) 2400 से 2600 ₹क्विंटल 10 Jul 2021
चावल Lohardaga Lohardaga (Lohardaga) 3000 से 3500 ₹क्विंटल 10 Jul 2021
चावल Lohardaga Lohardaga (Lohardaga) 1800 से 2000 ₹क्विंटल 10 Jul 2021
चावल Lohardaga Lohardaga (Lohardaga) 2400 से 2600 ₹क्विंटल 30 Sep 2014

Notes*

  • सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
  • भाव में परिवर्तन हो सकता है।
  • ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं

धान के बीच को चावल कहते हैं। धान के ऊपर का छिलका हटाने से चावल प्राप्त होता है। चावल एशिया की एक सबसे महत्वपूर्ण  फसल है। चावल में फाइबर, विटामिन, कैल्शियम, आयरन, थायमिन आदि पोषक तत्व पाए जाते हैं। चीन विश्व का सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश है। यहां पर 3.2 करोड़ हेक्टेयर भूमि पर 17.1 करोड़ मीट्रिक टन चावल पैदा किया जाता है। भारत विश्व में चावल का दूसरा बड़ा उत्पादक देश है। चावल सामान्य रूप से सफेद रंग का होता है। पर कई किस्म के चावल काले, लाल, ब्राउन रंग में पाए जाते हैं। चावल आधी भारतीय आबादी का भोजन है। चावल की खेती भारत भर में लाखों परिवारों  की आय का मुख्य स्त्रोत है। इसलिए सरकार इसकी पैदावार बढ़ाने के लिए नई नई किस्मो का आविष्कार करवा रही है। जिससे चावल का उत्पादन बढ़ सके और किसानों की आय बढ़ सके। धान की अलग-अलग किस्मों की प्रति हेक्टेयर औसत पैदावार 50 से 70 क्विंटल तक होती है।

भारत मे चावल की खेती – भारत में विभिन्न राज्य में चावल की खेती की जाती है जैसे पश्चिम बंगाल,उत्तर प्रदेश,आंध्र प्रदेश,पंजाब,हरियाणा,तमिलनाडु आदि।

चावल की उन्नत किस्मे – संकर किस्मे - के आर एच2, पी यस डी 3, जी के 5003, पी ए 6444, पी ए 6201, इंदिरा सोना, नरेंद्र संकर धान2, आर एच 204

बासमती किस्मे-  पूसा बासमती,पूसा सुगंध 2,3,5 ,कस्तूरी 385,बासमती 370

कुछ अन्य उन्नत किस्मे- गोविंद साकेत4, नरेंद्र धान, 97, पन्त धान 10, पूसा44, मालवीय 36, महसुरी, सरयू 52  आदि कुछ धान की उन्नत किस्मे है।