25 वर्षों के आंकड़ों के अनुसार, भारत में परमल का भाव आमतौर पर दिसंबर में सबसे ऊंचा रहता है (औसत से लगभग 35% ऊपर), जबकि जून में सबसे कम (औसत से करीब 16% नीचे)। यानी बेहतर दाम के लिए दिसंबर के आसपास बिक्री करना ऐतिहासिक रूप से फायदेमंद रहा है।
सबसे अच्छा महीना
दिसंबर
औसत से +35%
सबसे कमज़ोर महीना
जून
औसत से −16%
100 = वार्षिक औसत (₹1,496/क्विंटल) · 25 वर्षों का औसत
| महीना | सूचकांक | सामान्य भाव |
|---|---|---|
| जनवरी | 108.9 | ₹1,630 |
| फ़रवरी | 90.9 | ₹1,360 |
| मार्च | 88.7 | ₹1,327 |
| अप्रैल | 86.4 | ₹1,293 |
| मई | 85.5 | ₹1,279 |
| जूनन्यूनतम | 84.1 | ₹1,258 |
| जुलाई | 99.2 | ₹1,484 |
| अगस्त | 107.2 | ₹1,604 |
| सितंबर | 100.1 | ₹1,498 |
| अक्टूबर | 98.9 | ₹1,480 |
| नवंबर | 114.7 | ₹1,716 |
| दिसंबर★ सर्वश्रेष्ठ | 135.3 | ₹2,025 |
बिक्री के लिए शीर्ष 3 महीने: दिसंबर, नवंबर, जनवरी। अब तक का सबसे ऊंचा मासिक औसत दिसंबर 2021 में ₹5,703/क्विंटल रहा है।