आज Satara जिले में अदरक (सूखी) का मंडी भाव - सभी मंडियां



नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज महाराष्ट्र राज्य के Satara जिले में अदरक (सूखी) के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप महाराष्ट्र की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।

Satara में अदरक (सूखी) मंडी भाव का सारांश

कमोडिटी Ginger(Dry) अदरक (सूखी)
औसत भाव ₹1,780 क्विंटल
न्यूनतम भाव ₹400 क्विंटल ( पाटण )
अधिकतम भाव ₹4,000 क्विंटल ( कराड )
* यह सारांश 5 मंडियो के पिछले एक सप्ताह के भाव से लिया गया है।

ताज़ा जानकारी के अनुसार, महाराष्ट्र राज्य के Satara जिले की मंडियो में अदरक (सूखी) का औसतन भाव ₹1,780 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव पाटण मंडी में ₹400 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव कराड मंडी में ₹4,000 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर महाराष्ट्र राज्य के Satara जिले की 5 मंडियो के अदरक (सूखी) के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 5 मई 2020 को अपडेट किया गया है।

अदरक (सूखी) भाव

आज Satara जिले में अदरक (सूखी) का मंडी भाव - सभी मंडियां

कमोडिटी ज़िला मंडी अदरक (सूखी) भाव अप्डेट
अदरक (सूखी) Satara वाई (Wai) 2500 से 4000 ₹क्विंटल 5 May 2020
अदरक (सूखी) Satara सातारा (Satara) 1500 से 3200 ₹क्विंटल 26 Apr 2020
अदरक (सूखी) Satara कराड (Karad) 3000 से 4000 ₹क्विंटल 19 Apr 2020
अदरक (सूखी) Satara पाटण (Patan) 400 से 500 ₹क्विंटल 17 Apr 2020
अदरक (सूखी) Satara जवालि (Jawali) 1500 से 1800 ₹क्विंटल 15 May 2006

Notes*

  • सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
  • भाव में परिवर्तन हो सकता है।
  • ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं

सूखी अदरक को सोंठ कहा जाता है। जैसे अदरक को सेहत के लिए लाभदायक माना जाता है उसी प्रकार से सोंठ भी काफी लाभदायक है। आयरन, कैल्शियम, फाइबर, मैग्नीशियम, विटामिन ए और सी जिंक आदि का गुण सोंठ में अधिक के गुण पाया जाता हैं।सोंठ में इंफ्लेमेटरी और एंटीबायोटिक तत्व पाए जाते हैं। यह इम्मयूनिटी बढ़ाने में भी काफी कारगर है।अदरक की फसल 7 से 8 महीने में तैयार हो जाती है। इसके अलग-अलग किस्मों से एक हेक्टेयर में 15 से 20 टन अदरक पैदा होता है।अदरक से सोंठ बनाने के लिए अदरक को साफ करके इसके पतले छिलकों को अलग कर लिया जाता है। फिर 24 घंटे तक पानी में डुबोकर रखा जाता है। इसके बाद इसे नींबू के रस में पानी में मिलाकर धोया जाता है। फिर इसे चूने के घोल में रखा जाता है।और फिर वहां से निकाल कर धूप में सुखा लिया जाता है।और सोंठ तैयार हो जाती है।