आज Rajnandgaon जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां



नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज छत्तीसगढ़ राज्य के Rajnandgaon जिले में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप छत्तीसगढ़ की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।

Rajnandgaon में सरसों मंडी भाव का सारांश

कमोडिटी Mustard सरसों
औसत भाव ₹6,100 क्विंटल
न्यूनतम भाव ₹6,100 क्विंटल ( Rajnandgaon )
अधिकतम भाव ₹6,100 क्विंटल ( Rajnandgaon )
* यह सारांश 6 मंडियो के पिछले एक सप्ताह के भाव से लिया गया है।

ताज़ा जानकारी के अनुसार, छत्तीसगढ़ राज्य के Rajnandgaon जिले की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹6,100 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Rajnandgaon मंडी में ₹6,100 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Rajnandgaon मंडी में ₹6,100 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर छत्तीसगढ़ राज्य के Rajnandgaon जिले की 6 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 6 फरवरी 2026 को अपडेट किया गया है।

सरसों भाव

आज Rajnandgaon जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां

कमोडिटी ज़िला मंडी सरसों भाव अप्डेट
सरसों Rajnandgaon Rajnandgaon (Rajnandgaon) 6100 से 6100 ₹क्विंटल 6 Feb 2026
सरसों Rajnandgaon Rajnandgaon (Rajnandgaon) 6200 से 6280 ₹क्विंटल 29 Aug 2025
सरसों Rajnandgaon Rajnandgaon (Rajnandgaon) 5250 से 5250 ₹क्विंटल 17 Jan 2025
सरसों Rajnandgaon Dongargarh (Dongargarh) 1200 से 3200 ₹क्विंटल 19 Sep 2015
सरसों Rajnandgaon Kheragarh (Kheragarh) 3630 से 3660 ₹क्विंटल 21 Jun 2012
सरसों Rajnandgaon Rajnandgaon (Rajnandgaon) 2370 से 2375 ₹क्विंटल 9 Jun 2011

Notes*

  • सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
  • भाव में परिवर्तन हो सकता है।
  • ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं

सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।

भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।

सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।