आज दिल्ली में सरसों का मंडी भाव - 11 जनवरी 2026
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज दिल्ली राज्य में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप दिल्ली की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
ताज़ा जानकारी के अनुसार, दिल्ली की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹5,425 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Najafgarh मंडी में ₹4,850 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Najafgarh मंडी में ₹6,350 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर दिल्ली की 11 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 11 जनवरी 2026 को अपडेट किया गया है।
आज दिल्ली में सरसों का मंडी भाव - 11 जनवरी 2026
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 6000 से 6350 ₹क्विंटल | 11 Jan 2026 |
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 4850 से 4850 ₹क्विंटल | 3 Jan 2026 |
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 6200 से 6740 ₹क्विंटल | 3 Nov 2025 |
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 6200 से 6761 ₹क्विंटल | 26 Oct 2025 |
| सरसों | Delhi | Narela (Narela) | 6100 से 6100 ₹क्विंटल | 6 Oct 2024 |
| सरसों | Delhi | Narela (Narela) | 5385 से 5385 ₹क्विंटल | 13 Jun 2024 |
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 3685 से 3780 ₹क्विंटल | 23 Aug 2019 |
| सरसों | Delhi | आजादपुर (Azadpur) | 1925 से 2151 ₹क्विंटल | 27 Feb 2010 |
| सरसों | Delhi | Shahdara (Shahdara) | 150 से 300 ₹क्विंटल | 14 Nov 2003 |
| सरसों | Delhi | Najafgarh (Najafgarh) | 1480 से 1550 ₹क्विंटल | 19 Sep 2002 |
| सरसों | Delhi | Narela (Narela) | 1175 से 1270 ₹क्विंटल | 17 May 2002 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।
मंडी में सेब, केला,सरसों, गेहूँ, जौ आदि की बिक्री होती है। इस वेबसाइट के माध्यम से आप मंडी में भाव की ताज़ा अपडेट ले सकते हैं।