आज Bhopal जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज मध्य प्रदेश राज्य के Bhopal जिले में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप मध्य प्रदेश की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
ताज़ा जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश राज्य के Bhopal जिले की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹6,227 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव भोपाल मंडी में ₹5,700 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव बैरसिया मंडी में ₹6,625 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर मध्य प्रदेश राज्य के Bhopal जिले की 13 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 7 फरवरी 2026 को अपडेट किया गया है।
आज Bhopal जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | Bhopal | भोपाल (Bhopal) | 5700 से 5700 ₹क्विंटल | 7 Feb 2026 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 6625 से 6625 ₹क्विंटल | 7 Feb 2026 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 6355 से 6355 ₹क्विंटल | 15 Jan 2026 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 5250 से 5250 ₹क्विंटल | 26 Mar 2025 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 5750 से 5750 ₹क्विंटल | 21 Mar 2025 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 5190 से 5190 ₹क्विंटल | 21 Mar 2025 |
| सरसों | Bhopal | भोपाल (Bhopal) | 4700 से 5240 ₹क्विंटल | 5 Mar 2025 |
| सरसों | Bhopal | भोपाल (Bhopal) | 3945 से 4560 ₹क्विंटल | 29 Feb 2024 |
| सरसों | Bhopal | भोपाल (Bhopal) | 5000 से 5000 ₹क्विंटल | 18 Dec 2023 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 5705 से 6000 ₹क्विंटल | 20 Jun 2022 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 2228 से 2378 ₹क्विंटल | 26 May 2008 |
| सरसों | Bhopal | भोपाल (Bhopal) | 1901 से 1901 ₹क्विंटल | 23 Mar 2007 |
| सरसों | Bhopal | बैरसिया (Berasia) | 1901 से 1901 ₹क्विंटल | 23 Mar 2007 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।