आज Dindori जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज मध्य प्रदेश राज्य के Dindori जिले में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप मध्य प्रदेश की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
ताज़ा जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश राज्य के Dindori जिले की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹5,915 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव डिण्डोरी मंडी में ₹5,458 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव डिण्डोरी मंडी में ₹6,200 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर मध्य प्रदेश राज्य के Dindori जिले की 14 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 7 फरवरी 2026 को अपडेट किया गया है।
आज Dindori जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 6000 से 6000 ₹क्विंटल | 7 Feb 2026 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 6200 से 6200 ₹क्विंटल | 3 Feb 2026 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 5458 से 5500 ₹क्विंटल | 16 Jan 2026 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 6000 से 6100 ₹क्विंटल | 13 Dec 2025 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 5000 से 5150 ₹क्विंटल | 6 Nov 2025 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 5300 से 5300 ₹क्विंटल | 28 Jul 2025 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 5575 से 5700 ₹क्विंटल | 27 May 2025 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 4900 से 4910 ₹क्विंटल | 4 Feb 2025 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 5000 से 5000 ₹क्विंटल | 25 Jan 2024 |
| सरसों | Dindori | शाहपुरा (Shahpura) | 5000 से 5200 ₹क्विंटल | 2 Dec 2023 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 5600 से 6500 ₹क्विंटल | 21 Nov 2022 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 3600 से 3600 ₹क्विंटल | 1 Jul 2020 |
| सरसों | Dindori | गोरखपुर (MP) (Gorakhpur (MP)) | 2250 से 2250 ₹क्विंटल | 29 Sep 2008 |
| सरसों | Dindori | डिण्डोरी (Dindori) | 2250 से 2250 ₹क्विंटल | 29 Sep 2008 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।