आज बीकानेर जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज राजस्थान राज्य के बीकानेर जिले में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप राजस्थान की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
बीकानेर में सरसों मंडी भाव का सारांश
| कमोडिटी | |
| औसत भाव | ₹6,311 क्विंटल |
| न्यूनतम भाव | ₹5,921 क्विंटल ( बीकानेर (अनाज) ) |
| अधिकतम भाव | ₹6,700 क्विंटल ( खाजूवाला ) |
ताज़ा जानकारी के अनुसार, राजस्थान राज्य के बीकानेर जिले की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹6,311 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव बीकानेर (अनाज) मंडी में ₹5,921 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव खाजूवाला मंडी में ₹6,700 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर राजस्थान राज्य के बीकानेर जिले की 12 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 3 फरवरी 2026 को अपडेट किया गया है।
आज बीकानेर जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | बीकानेर | बीकानेर (अनाज) (Bikaner (Grain)) | 5921 से 5921 ₹क्विंटल | 3 Feb 2026 |
| सरसों | बीकानेर | खाजूवाला (Khajuwala) | 6700 से 6700 ₹क्विंटल | 30 Jan 2026 |
| सरसों | बीकानेर | बीकानेर (अनाज) (Bikaner (Grain)) | 5575 से 5575 ₹क्विंटल | 4 Nov 2025 |
| सरसों | बीकानेर | नोखा (Nokha) | 6531 से 6531 ₹क्विंटल | 25 Oct 2025 |
| सरसों | बीकानेर | खाजूवाला (Khajuwala) | 6411 से 6411 ₹क्विंटल | 24 Oct 2025 |
| सरसों | बीकानेर | नोखा (Nokha) | 6150 से 6150 ₹क्विंटल | 13 Oct 2025 |
| सरसों | बीकानेर | लूणकरणसर (Lunkaransar) | 6500 से 6650 ₹क्विंटल | 30 Aug 2025 |
| सरसों | बीकानेर | श्री डूंगरगढ़ (Sri Dungargarh) | 6001 से 6083 ₹क्विंटल | 16 Jul 2025 |
| सरसों | बीकानेर | खाजूवाला (Khajuwala) | 5500 से 5947 ₹क्विंटल | 3 Jul 2025 |
| सरसों | बीकानेर | बज्जू तेजपुर (Bajju Tejpura) | 5300 से 5500 ₹क्विंटल | 8 Apr 2025 |
| सरसों | बीकानेर | बज्जू तेजपुर (Bajju Tejpura) | 5000 से 5101 ₹क्विंटल | 4 Apr 2025 |
| सरसों | बीकानेर | बज्जू तेजपुर (Bajju Tejpura) | 5600 से 5700 ₹क्विंटल | 22 Jun 2021 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।