आज तमिल नाडु में सरसों का मंडी भाव - 10 अप्रैल 2017
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज तमिल नाडु राज्य में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप तमिल नाडु की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
तमिल नाडु में सरसों मंडी भाव का सारांश
| कमोडिटी | |
| औसत भाव | ₹2,779 क्विंटल |
| न्यूनतम भाव | ₹1,605 क्विंटल ( Tindivanam ) |
| अधिकतम भाव | ₹6,120 क्विंटल ( Virudhachalam ) |
ताज़ा जानकारी के अनुसार, तमिल नाडु की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹2,779 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Tindivanam मंडी में ₹1,605 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Virudhachalam मंडी में ₹6,120 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर तमिल नाडु की 10 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 10 अप्रैल 2017 को अपडेट किया गया है।
आज तमिल नाडु में सरसों का मंडी भाव - 10 अप्रैल 2017
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | Villupuram | Villupuram (Villupuram) | 4205 से 4205 ₹क्विंटल | 10 Apr 2017 |
| सरसों | Cuddalore | Virudhachalam (Virudhachalam) | 3371 से 3373 ₹क्विंटल | 11 Aug 2016 |
| सरसों | Cuddalore | Virudhachalam (Virudhachalam) | 6120 से 6120 ₹क्विंटल | 4 May 2016 |
| सरसों | Villupuram | Gingee (Gingee) | 2089 से 2089 ₹क्विंटल | 13 Mar 2013 |
| सरसों | Kancheepuram | Acharapakkam (Acharapakkam) | 2550 से 2570 ₹क्विंटल | 5 Mar 2011 |
| सरसों | Ramanathapuram | Ramanathapuram (Ramanathapuram) | 2290 से 2300 ₹क्विंटल | 16 Mar 2010 |
| सरसों | Villupuram | Avalurpet (Avalurpet) | 2169 से 2169 ₹क्विंटल | 27 Jun 2007 |
| सरसों | Villupuram | Ulundurpettai (Ulundurpettai) | 1720 से 1720 ₹क्विंटल | 8 Mar 2007 |
| सरसों | Villupuram | Villupuram (Villupuram) | 1673 से 1697 ₹क्विंटल | 5 Mar 2007 |
| सरसों | Villupuram | Tindivanam (Tindivanam) | 1605 से 1930 ₹क्विंटल | 14 Mar 2005 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।
मंडी में सेब, केला,सरसों, गेहूँ, जौ आदि की बिक्री होती है। इस वेबसाइट के माध्यम से आप मंडी में भाव की ताज़ा अपडेट ले सकते हैं।