आज Bidar जिले में तिल का मंडी भाव - सभी मंडियां
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज कर्नाटक राज्य के Bidar जिले में तिल के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप कर्नाटक की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
ताज़ा जानकारी के अनुसार, कर्नाटक राज्य के Bidar जिले की मंडियो में तिल का औसतन भाव ₹5,985 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Bidar मंडी में ₹2,175 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Bhalki मंडी में ₹15,000 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर कर्नाटक राज्य के Bidar जिले की 11 मंडियो के तिल के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 22 फरवरी 2025 को अपडेट किया गया है।
आज Bidar जिले में तिल का मंडी भाव - सभी मंडियां
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | तिल भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| तिल | Bidar | Basava Kalayana (Basava Kalayana) | 7350 से 7350 ₹क्विंटल | 22 Feb 2025 |
| तिल | Bidar | Basava Kalayana (Basava Kalayana) | 8300 से 8300 ₹क्विंटल | 24 Dec 2024 |
| तिल | Bidar | Bhalki (Bhalki) | 7001 से 8005 ₹क्विंटल | 20 Oct 2017 |
| तिल | Bidar | Basava Kalayana (Basava Kalayana) | 5000 से 5000 ₹क्विंटल | 20 Dec 2014 |
| तिल | Bidar | Basava Kalayana (Basava Kalayana) | 7050 से 9001 ₹क्विंटल | 31 Oct 2014 |
| तिल | Bidar | Bhalki (Bhalki) | 10001 से 15000 ₹क्विंटल | 23 Oct 2014 |
| तिल | Bidar | Aurad (Aurad) | 5701 से 7400 ₹क्विंटल | 14 Nov 2012 |
| तिल | Bidar | Aurad (Aurad) | 4000 से 5100 ₹क्विंटल | 20 Oct 2009 |
| तिल | Bidar | Bidar (Bidar) | 2175 से 2203 ₹क्विंटल | 6 Jun 2009 |
| तिल | Bidar | Humanabad (Humanabad) | 6000 से 6000 ₹क्विंटल | 3 Dec 2008 |
| तिल | Bidar | Humanabad (Humanabad) | 3260 से 3260 ₹क्विंटल | 14 Dec 2004 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
तिल एक पुष्पीय पौधा है। तिल के बीज से खाद्य तेल निकाला जाता है। तिल को विश्व का सबसे पहला तिलहन माना जाता है। इसकी खेती 5000 साल पहले शुरू हुई थी। भारत मे तिल दो प्रकार का होता है -सफेद और काला। हिन्दू धर्म मे तिल का बहुत महत्व है। पूजा में तिल के तेल का प्रयोग किया जाता है और पितरों के तर्पण में तिल का प्रयोग होता है। तिल की खेती साल में तीन बार की जा सकती है।तिल से कई प्रकार की मिठाई, गजक, लड्डू आदि बनाए जाते हैं। तिल में मिलने वाले तत्व विटामिन बी, कैल्शियम, लिनोलिक अम्ल और फास्फोरस पाया जाता है, जो स्वास्थ्य के लिए बहुत आवश्यक है। तिल कोलेस्ट्रोल घटाने में भी सहायक है। तिल के तेल को तेलों की रानी कहा जाता है। तिल के लिए शीतोष्ण जलवायु अच्छी रहती है। ज्यादा बरसात या सूखा पड़ने पर इसकी फसल सही नहीं होती है। इसके लिए हल्की दोमट मिट्टी अच्छी मानी जाती है। इसके अलावा इसे बलुई दोमट और काली मिट्टी में भी उगाया जा सकता है।
भारत में तिल की खेती - भारत के विभिन्न राज्यों में तिल की खेती की जाती है जैसे महाराष्ट्र,राजस्थान,पश्चिम बंगाल,आंध्र प्रदेश,गुजरात, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश,मध्य प्रदेश और तेलंगाना। तिल का सबसे अधिक उत्पादन उत्तर प्रदेश और बुंदेलखंड में किया जाता है।
तिल की उन्नत किस्मे – टी के जी 308, जवाहर तिल 306, जे टी यस 8, टी के जी 55, आर टी 46, आर टी 125 आदि तिल की कुछ उन्नत किस्मे है।