आज Nadia जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
नमस्कार दोस्तों, मंडी भाव इंडिया में आपका स्वागत है। इस पेज पर आपको आज पश्चिम बंगाल राज्य के Nadia जिले में सरसों के मंडी भाव की जानकारी मिलेगी। हमारे यहाँ पर आप पश्चिम बंगाल की सभी बड़ी व छोटी मंडी में सभी प्रकार के फल, सब्ज़ी, एवं अनाज के भाव की जानकारी ले सकते हैं।
ताज़ा जानकारी के अनुसार, पश्चिम बंगाल राज्य के Nadia जिले की मंडियो में सरसों का औसतन भाव ₹6,725 /क्विंटल हैं। पिछले एक सप्ताह में सबसे कम भाव Nadia मंडी में ₹6,600 /क्विंटल रहा, जबकि सबसे अधिक भाव Karimpur मंडी में ₹7,000 /क्विंटल रहा। मंडी भाव इंडिया पर पश्चिम बंगाल राज्य के Nadia जिले की 13 मंडियो के सरसों के भाव दिए गये है।
ये डाटा आख़िरी बार 13 फरवरी 2026 को अपडेट किया गया है।
आज Nadia जिले में सरसों का मंडी भाव - सभी मंडियां
| कमोडिटी | ज़िला | मंडी | सरसों भाव | अप्डेट |
|---|---|---|---|---|
| सरसों | Nadia | Karimpur (Karimpur) | 6800 से 7000 ₹क्विंटल | 13 Feb 2026 |
| सरसों | Nadia | Nadia (Nadia) | 6600 से 6800 ₹क्विंटल | 13 Feb 2026 |
| सरसों | Nadia | Karimpur (Karimpur) | 6700 से 6900 ₹क्विंटल | 8 Jan 2026 |
| सरसों | Nadia | Karimpur (Karimpur) | 6800 से 7000 ₹क्विंटल | 29 Dec 2025 |
| सरसों | Nadia | Nadia (Nadia) | 5700 से 5925 ₹क्विंटल | 2 Mar 2025 |
| सरसों | Nadia | Karimpur (Karimpur) | 5700 से 5900 ₹क्विंटल | 21 Feb 2025 |
| सरसों | Nadia | Nadia (Nadia) | 3400 से 3550 ₹क्विंटल | 14 Apr 2018 |
| सरसों | Nadia | Nadia (Nadia) | 3300 से 3500 ₹क्विंटल | 26 Mar 2018 |
| सरसों | Nadia | Nadia (Nadia) | 3400 से 3600 ₹क्विंटल | 8 Mar 2018 |
| सरसों | Nadia | Bethuadahari (Bethuadahari) | 4100 से 4200 ₹क्विंटल | 12 Jul 2016 |
| सरसों | Nadia | Karimpur (Karimpur) | 2800 से 2900 ₹क्विंटल | 2 Apr 2013 |
| सरसों | Nadia | Chakdah (Chakdah) | 3600 से 3700 ₹क्विंटल | 14 May 2012 |
| सरसों | Nadia | Chakdah (Chakdah) | 3000 से 3100 ₹क्विंटल | 2 Dec 2011 |
Notes*
- सभी मंडी भाव 100 किलोग्राम के हिसाब से हैं
- भाव में परिवर्तन हो सकता है।
- ये भाव केवल आज के मंडी बाजार की स्थिति को इंगित करती हैं
सरसों एक तिलहन फसल है। सरसों के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है। सामान्यत: सरसों दिसंबर में बोई जाती है और मार्च -अप्रैल के महीने में इसकी कटाई होती है। सरसों के तेल का उपयोग भोजन पकाने के साथ-साथ कीटाणु नाशक के रूप में भी किया जाता है। जर्मनी में सरसों के तेल का उपयोग जैव ईंधन के रूप में किया जाता है। सरसों के बीज से तेल निकाला जाता है जिसका प्रयोग शरीर में लगाने और भोज्य पदार्थ को बनाने में किया जाता है। इसके हरे मुलायम पत्तों का साग गांव में बहुत पसंद किया जाता है। इसके तेल से साबुन,ग्लिसरॉल और अचार बनाया जाता है। इसका तेल हमारी रक्षा सभी चर्म रोगों से करता है। भारत में सरसों मूंगफली के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण तिलहनी फसल है। सरसो किसानों की सबसे प्रिय फसल है क्योंकि यह कम सिचाई और कम से कम लागत में अधिक मुनाफा देती है। नेपाल सरसों का सबसे बड़ा उत्पादक देश है। यह विश्व का 26 फ़ीसदी सरसों निर्यात करता है।दूसरे स्थान पर कनाडा आता है ,और कनाडा सरसों का सबसे बड़ा निर्यातक देश है। कनाडा सरसों के बाजार का 57 परसेंट हिस्सा रखता है।
भारत मे सरसो की खेती – भारत में सरसों की खेती पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पश्चिम बंगाल, गुजरात में अधिक होती है।
सरसो की उन्नत किस्मे – पूसा सरसो आर एच 30, पूसा सरसो 27, पूसा बोल्ड, पूसा डबल जीरो सरसो 3,आर एच 1424, आर एच 1706 सरसो की कुछ उन्नत किस्मे है।